उत्तराखंडजनसुनवाई

ग्रामीण योजनाओं की समीक्षा: स्वयं सहायता समूहों के उत्पादों की गुणवत्ता और विपणन पर जोर

रुद्रपुर,10 अगस्त। मंडलायुक्त दीपक रावत ने सोमवार को जिला सभागार में ग्रामोत्थान, रीप, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम), प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण और वीबीजी राम जी योजना की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को स्वयं सहायता समूहों (एसएचजी) एवं सीएलएफ को गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण देने के साथ उनके उत्पादों की गुणवत्ता, आकर्षक पैकेजिंग और प्रभावी विपणन व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
मंडलायुक्त ने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत ग्राम पंचायतों में खुली बैठकें आयोजित कर सभी पात्र लाभार्थियों का सत्यापन कराने और उन्हें आवास सूची में शामिल करने के निर्देश भी दिए।
समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया और मुख्य विकास अधिकारी दिवेश शाशनी ने बताया कि ग्रामोत्थान-रीप परियोजना के तहत जिले में 37 सीएलएफ और 5,972 स्वयं सहायता समूह संचालित हैं, जिनसे करीब 57 हजार परिवार जुड़े हैं। स्वयं सहायता समूहों के उत्पादों के संग्रहण के लिए 32 कलेक्शन सेंटर स्वीकृत किए गए हैं, जिनमें 17 सेंटरों का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है।
उन्होंने बताया कि एक सीएलएफ द्वारा जरबेरा फूल उत्पादन के लिए पॉलीहाउस संचालित किया जा रहा है। ग्रामीण कूड़ा प्रबंधन के लिए तीन विकासखंडों में कूड़ा वाहन उपलब्ध कराए गए हैं। महिलाओं को ई-रिक्शा संचालन का प्रशिक्षण देकर 48 महिलाओं को पिंक ई-रिक्शा वितरित किए गए हैं।
प्रत्येक विकासखंड में सामुदायिक लाइब्रेरी स्थापित की जा रही है, जिनका संचालन स्वयं सहायता समूहों द्वारा किया जाएगा। इसके अलावा ग्रामीण महिलाओं की आय बढ़ाने के लिए स्मार्ट डेयरी, मशरूम उत्पादन, स्मार्ट दीदी किचन और सिलाई सेंटर जैसी गतिविधियों को बढ़ावा दिया जा रहा है।
49 हजार से अधिक महिलाएं बनीं लखपति दीदी
राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत जिले में 49,299 लखपति दीदी तैयार की गई हैं। योजना के अंतर्गत सात विकासखंडों में मूंज घास, रजाई, मसाला, मत्स्य, मिल्क, खिलौने और बेकरी से जुड़े सात ग्रोथ सेंटर स्थापित किए गए हैं।
प्रधानमंत्री ग्राम आवास योजना के तहत जिले में अब तक 10,092 आवास वितरित किए जा चुके हैं, जबकि वर्तमान में 11,602 आवासों के लिए आवेदन प्राप्त हुए हैं। इन आवेदनों का ग्राम पंचायतों में खुली बैठक के माध्यम से पात्रता सत्यापन कराया जा रहा है।
वीबीजी राम जी योजना में 125 दिन रोजगार की गारंटी
वीबीजी राम जी योजना की जानकारी देते हुए अधिकारियों ने बताया कि योजना के तहत प्रत्येक परिवार को 125 दिन के रोजगार की गारंटी दी गई है और मजदूरी का भुगतान सात दिन के भीतर किए जाने की व्यवस्था है। योजना के तहत जल सुरक्षा एवं संरक्षण, ग्रामीण अवसंरचना, आजीविका संवर्द्धन तथा जलवायु परिवर्तन एवं प्रतिकूल मौसम से निपटने से जुड़े कार्य कराए जा सकेंगे। योजना के लिए जिले को 7 करोड़ रुपये की धनराशि अवमुक्त हुई है। ग्राम स्तर पर योजना के संचालन के लिए प्रशिक्षण दिया जा चुका है तथा कार्यों की सूची भी तैयार कर ली गई है।
बैठक में अपर जिलाधिकारी पंकज उपाध्याय, पीडी हिमांशु जोशी, जिला विकास अधिकारी गोपाल गिरी गोस्वामी, एपीडी रमा गोस्वामी समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी, सभी खंड विकास अधिकारी और संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।

Related Articles

Back to top button