
देहरादून 26 नवम्बर । सचिवालय में मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन की अध्यक्षता में बुधवार को पूंजी निवेश हेतु राज्यों को मिलने वाली विशेष सहायता योजना (SASCI) और विभागीय सुधारों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। मुख्य सचिव ने स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी विभाग निर्धारित समयसीमा के भीतर लागू किए जा सकने वाले सुधारों को बिना विलंब पूरा करें। उन्होंने चेतावनी दी कि समय पर सुधार न लागू करने वाले विभागाध्यक्षों को प्रतिकूल प्रविष्टि दी जाएगी।
मुख्य सचिव ने विभागों को भारत सरकार से प्राप्त होने वाली ग्रांट्स एवं वित्तीय सहायताओं का शत-प्रतिशत उपयोग सुनिश्चित करने के लिए अपने-अपने मंत्रालयों से लगातार संपर्क बनाए रखने को कहा। उन्होंने वित्त एवं नियोजन विभाग के साथ समन्वय बढ़ाकर विशेष सहायता योजना का अधिकतम लाभ उठाने हेतु अधिक से अधिक परियोजनाएँ तैयार करने के निर्देश दिए।
बैठक में परिवहन विभाग को 15 वर्ष पुराने वाहनों की स्क्रैपिंग नीति, सड़क सुरक्षा के इलेक्ट्रॉनिक इनफोर्समेंट और अन्य सुधारों में तेजी लाने को कहा गया। वहीं राजस्व विभाग को भूमि सुधार से संबंधित रिफॉर्म्स को समयबद्ध तरीके से लागू करने के निर्देश दिए गए। मुख्य सचिव ने यह भी आश्वासन दिया कि विभागों को जारी होने वाला राज्यांश (State Share) अगले दो दिनों में रिलीज कर दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि सभी विभाग अपने स्तर पर निरंतर समीक्षा करते हुए विशेष सहायता योजना का अधिकतम लाभ लेने के लिए सक्रियता से कार्य करें।
बैठक में प्रमुख सचिव आर. के. सुधांशु, आर. मीनाक्षी सुंदरम, विशेष प्रमुख सचिव अमित सिन्हा, सचिव दीपक कुमार, डॉ. पंकज कुमार पाण्डेय, डॉ. वी. षणमुगम सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी एवं विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।



