
देहरादून 24 अप्रैल
। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को परेड ग्राउंड, देहरादून में आयोजित महिला जन आक्रोश रैली में प्रतिभाग किया। इस दौरान उन्होंने हजारों महिलाओं के साथ परेड ग्राउंड से घंटाघर तक जन आक्रोश पदयात्रा में भी हिस्सा लिया।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में मातृशक्ति को लोकतांत्रिक व्यवस्था में उनका अधिकार दिलाने के उद्देश्य से नारी शक्ति वंदन अधिनियम लाया गया था, लेकिन लोकसभा में संख्या बल के चलते यह पारित नहीं हो सका। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष ने षड्यंत्रपूर्वक नारी शक्ति के अधिकारों को बाधित करने का प्रयास किया है।
उन्होंने कहा कि देश की नारी अब अपने अधिकारों के प्रति जागरूक हो चुकी है और अन्याय के खिलाफ आवाज उठाना जानती है। मुख्यमंत्री ने इसे लोकतंत्र के लिए दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि महिलाओं को उनका हक दिलाने के प्रयासों को विफल करना देश के साथ अन्याय है।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने मातृशक्ति को नए भारत के निर्माण का आधार माना है और महिलाओं को सशक्त एवं आत्मनिर्भर बनाने के लिए कई ऐतिहासिक पहल की हैं। उन्होंने बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान, उज्ज्वला योजना, जन धन योजना, स्टार्टअप योजना और लखपति दीदी योजना जैसी पहलों का उल्लेख किया। साथ ही ट्रिपल तलाक जैसी कुप्रथा को समाप्त कर महिलाओं को सशक्त बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री की प्रेरणा से आज महिलाएं हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही हैं। आदिवासी समाज की बेटी देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद तक पहुंची हैं और श्रीमती निर्मला सीतारमण को वित्त मंत्रालय जैसी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार भी महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उत्तराखंड में सरकारी सेवाओं में महिलाओं को 30 प्रतिशत आरक्षण दिया गया है। साथ ही महिलाओं की सुरक्षा और अधिकारों की रक्षा के लिए समान नागरिक संहिता लागू की गई है। ग्रामीण आजीविका मिशन, सशक्त बहना उत्सव योजना और मुख्यमंत्री महिला स्वयं सहायता समूह सशक्तिकरण योजना के माध्यम से महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ा जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में अब तक 2 लाख 65 हजार से अधिक महिलाएं ‘लखपति दीदी’ बन चुकी हैं।
इस अवसर पर राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट, सांसद माला राज्यलक्ष्मी शाह, विधायक सविता कपूर, आशा नौटियाल, रेनू बिष्ट, रुचि भट्ट, दीप्ति रावत, नेहा जोशी सहित बड़ी संख्या में महिलाएं उपस्थित रहीं।



