देहरादून
15अक्टूबर 2026। उत्तराखंड की बेटी अंकिता भंडारी के माता-पिता की दिल्ली में हुई गिरफ्तारी के विरोध में आम आदमी पार्टी उत्तराखंड के कार्यकर्ताओं ने प्रदेश *अध्यक्षा उमा गौड़ सिसोदिया* के नेतृत्व में सीबीआई कार्यालय पहुंचकर जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने, उसके माता-पिता के साथ न्याय सुनिश्चित करने और मामले से जुड़े कथित वीआईपी की भूमिका की निष्पक्ष जांच की मांग उठाई।
प्रदर्शन के दौरान आम आदमी पार्टी ने दुष्यंत गौतम को सिक्किम का राज्यपाल बनाए जाने पर भी कड़ा विरोध जताया। पार्टी नेताओं ने कहा कि अंकिता भंडारी प्रकरण उत्तराखंड की जनता की भावनाओं से जुड़ा बेहद संवेदनशील मामला है। ऐसे में इस प्रकरण से जुड़े कथित वीआईपी को लेकर उठ रहे सवालों का निष्पक्ष जांच के माध्यम से जवाब मिलना चाहिए। पार्टी ने मांग की कि किसी भी व्यक्ति को राजनीतिक पद या प्रभाव के आधार पर जांच के दायरे से बाहर नहीं रखा जाना चाहिए।
इस दौरान प्रदेश अध्यक्षा उमा गौड़ सिसोदिया भावुक नजर आईं। उन्होंने अंकिता को उत्तराखंड की बेटी बताते हुए कहा कि यह लड़ाई केवल एक परिवार की नहीं, बल्कि प्रदेश की बेटियों की सुरक्षा, सम्मान और न्याय की लड़ाई है। अंकिता के माता-पिता को न्याय मांगने के लिए यदि कठिन परिस्थितियों का सामना करना पड़ रहा है, तो यह बेहद पीड़ादायक है। उनकी पीड़ा को समझना और उनकी आवाज को मजबूती से उठाना समाज और सरकार की जिम्मेदारी है।
उमा गौड़ सिसोदिया ने कहा कि उत्तराखंड की जनता लंबे समय से अंकिता भंडारी मामले में पूर्ण पारदर्शिता और न्याय की मांग कर रही है। जनता के मन में उठ रहे सवालों का समाधान निष्पक्ष जांच और तथ्यों को सामने लाकर ही किया जा सकता है। उन्होंने मांग की कि मामले से संबंधित सभी पहलुओं की निष्पक्ष जांच हो और दोषी पाए जाने वाले प्रत्येक व्यक्ति के खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाए।
आम आदमी पार्टी के मीडिया प्रभारी विपिन खन्ना ने स्पष्ट किया कि अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने की मांग को लेकर पार्टी अपनी आवाज बुलंद करती रहेगी। उन्होंने ने कहा कि उत्तराखंड की बेटी को न्याय मिलना चाहिए और उसके परिवार को न्याय की लड़ाई में अकेला नहीं छोड़ा जाना चाहिए।
आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता श्याम बाबू पाण्डेय ने दोहराया कि अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने, उसके माता-पिता के सम्मान और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर संघर्ष जारी रहेगा।
विरोध प्रदर्शन में मुख्य रूप से युवा मोर्चा अध्यक्ष हिमांशु पुण्डीर , प्रदेश महिला मोर्चा अध्यक्ष मंजू शर्मा, प्रदेश उपाध्यक्ष श्रीमती सुधा पटवाल शैलेश तिवारी, विनोद बजाज, गणेश कुड़ियाल, छात्र इकाई,अध्यक्ष अक्षय शर्मा,अशोक सेमवाल,सी पी सिंह,विजय कुमार,रेखा सिंह, अफसाना, सोनिया, राजीव तोमर,ज्योति, विजय भूषण,वंश भूषण,शिवम,आशीष ,गौरव,प्रीतम जोशी के साथ पार्टी कार्यकर्ता शामिल थे


